अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने हिंदुस्तान को अमेरिका का मजबूत साझेदार बताया है. उन्होंने शुक्रवार को बोला कि वह हिंदुस्तान की जी-20 की अध्यक्षता के दौरान अपने मित्र पीएम मोदी का समर्थन करने के लिए उत्सुक हैं. बाइडेन ने कहा, ‘भारत अमेरिका का एक मजबूत साझेदार है और मैं हिंदुस्तान की जी-20 अध्यक्षता के दौरान अपने मित्र पीएम मोदी का समर्थन करने के लिए उत्सुक हूं.’
भारत की जी 20 की अध्यक्षता का कार्यकाल आधिकारिक तौर पर गुरुवार को प्रारम्भ हो गया. पीएम मोदी ने बोला था कि हिंदुस्तान ‘एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य’ के विषय से प्रेरित होकर एकता को बढ़ावा देने के लिए काम करेगा. उन्होंने बोला कि राष्ट्र आतंक, जलवायु बदलाव और महामारी को सबसे बड़ी चुनौतियों के तौर पर सूचीबद्ध करेगा जिनका एकसाथ मिलकर बेहतर ढंग से मुकाबला किया जा सकता है.
‘समावेशी और निर्णायक होगा जी-20 एजेंडा’
प्रधानमंत्री ने लेख में बोला कि हिंदुस्तान का जी-20 एजेंडा समावेशी, महत्वाकांक्षी, कार्रवाई उन्मुख और निर्णायक होगा. अमेरिकी राष्ट्रपति ने यह भी रेखांकित किया कि दोनों राष्ट्र जलवायु, ऊर्जा और खाद्य संकट जैसी साझा चुनौतियों से निपटते हुए सतत और समावेशी विकास को आगे बढ़ाएंगे. मालूम हो कि राष्ट्र/सरकार के प्रमुखों के स्तर पर अगला जी-20 नेताओं का शिखर सम्मेलन 9 और 10 सितंबर को दिल्ली में आयोजित होने वाला है.
‘अहम घटना होगी जी-20 में हिंदुस्तान की अध्यक्षता’
संयुक्त देश में हिंदुस्तान की स्थायी प्रतिनिधि रुचिरा कंबोज ने बोला है कि जी-20 में हिंदुस्तान की अध्यक्षता उसके इतिहास की जरूरी घटना होगी. उन्होंने बोला कि राष्ट्र सर्व कल्याण के लिए व्यावहारिक अंतरराष्ट्रीय निवारण खोजने में अहम किरदार निभाना चाहता है. कंबोज ने बोला कि हिंदुस्तान दोनों अध्यक्ष पद (इस महीने के लिए सुरक्षा परिषद की और अगले वर्ष के लिए जी-20 की) को नयी जिम्मेदारी के रूप में देखता है. दिसंबर के लिए सुरक्षा परिषद की अध्यक्ष कंबोज ने बोला कि हम इसके लिए पूरी प्रयास करेंगे कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय की उम्मीदें पूरी हों.