अमेरिका में भारतीय मूल की एक और सीनियर नेता ने राष्ट्रपति चुनाव में उम्मीदवारी की मंशा जाहिर की है. हम बात रिपब्लिकन पार्टी की बड़ी नेता निक्की हेली की कर रहे हैं. साउथ कैरोलिना की गवर्नर रहीं हेली 15 फरवरी को बड़ा घोषणा कर सकती हैं. रिपोर्ट्स के अनुसार डोनाल्ड ट्रंप ने भी ये बोला है कि उन्हें निक्की की उम्मीदवारी से कोई आपत्ति नहीं है. निक्की संयुक्त देश में अमेरिका की स्थायी प्रतिनिधि भी रह चुकी हैं. निक्की के एक करीबी शख्स ने पुष्टि की है कि वो 15 फरवरी को चार्ल्स्टन में घोषणा करके चुनावी दौड़ में एंट्री करेंगी. पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बाद 51 वर्षीय हेली चुनाव में दूसरी प्रबल उम्मीदवार बनने की दौड़ में अग्रसर हैं. जिन्होंने बीते नवंबर में अपनी वापसी के संकेत दिए थे. यदि हेली वाकई चुनाव लड़ने की घोषणा करती हैं तो वो एक परिवर्तन का अगुवाई करेंगी. आपको बता दें कि वर्ष 2021 में निक्की हेली ने ये घोषणा की थी कि यदि ट्रंप चुनाव लड़ेंगे तो वो राष्ट्रपति चुनाव के लिए आगे नहीं बढ़ेंगी. हालांकि इस महीने की आरंभ में हेली ने फॉक्स न्यूज के साथ एक साक्षात्कार में अपनी प्लानिंग में परिवर्तन को रेखांकित करते हुए बोला कि ये एक आदमी से बड़ा है और आप जब अमेरिका का भविष्य देख रहे हैं तो मुझे लगता है कि ये नयी पीढ़ी के परिवर्तन का समय है.
निक्की हेली कौन है?
निक्की हेली 2010 में दक्षिण कैरोलिना की पहली स्त्री और एशियाई गवर्नर बनीं और 2014 में पुनः चुनाव जीता. दक्षिण कैरोलिना की गवर्नर बनने से पहले, उन्होंने दक्षिण कैरोलिना विधायिका में छह वर्ष बिताए. गवर्नर के रूप में सबसे गौरतलब कदमों में से एक में हेली ने 2015 में एक बिल पर हस्ताक्षर किए, जिसमें नौ काले उपासकों को एक गोरे सर्वोच्चतावादी द्वारा चर्च में मारे जाने के बाद राज्य के मैदान से कॉन्फेडरेट ध्वज को हटाने का आदेश दिया गया था. हेली ने 2016 में पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा को रिपब्लिकन प्रतिक्रिया भी दी थी और आव्रजन पर चर्चा की थी. उसी वर्ष, उन्हें टाइम द्वारा 100 सबसे प्रभावशाली लोगों में नामित किया गया था. 2017 में वह संयुक्त देश में अमेरिकी राजदूत बनीं लेकिन अगले वर्ष अचानक पद छोड़ दिया. अपने संक्षिप्त कार्यकाल में हेली ने रूस के विरूद्ध प्रतिबंधों की घोषणा की. उन्होंने संयुक्त देश मानवाधिकार परिषद से अमेरिका के अलग होने की भी घोषणा की. अपनी विचारधाराओं के संबंध में, निक्की हेली जीवन समर्थक रिपब्लिकन हैं और आप्रवासन से निपटने का समर्थन करती हैं. हालांकि हेली ने ट्रंप प्रशासन में काम किया है, लेकिन उन्होंने 2021 में 6 जनवरी को कैपिटल हमले के बाद अपने पूर्व बॉस की आलोचना की है.
क्या है हिंदुस्तान कनेक्शन
निक्की हेली का जन्म पंजाब के एक प्रवासी परिवार में हुआ था. निमरत रंधावा यानी निक्की के माता-पिता कभी अमेरिका गए फिर वहीं बस गए. निक्की के पिता अजीत सिंह रंधावा पंजाब के तरनतारन के रहने वाले थे. लेकिन वर्ष 1954 के बाद वो अमृतसर में बस गए. निक्की का शादी माइकल हेली से हुआ है. निक्की हेली की विवाह सिख रीति रिवाज से भी हुई और ईसाई रिवाज से भी. माइकल हेली साउथ कैरोलिना नेशनल आर्मी गार्ड में अफसर हैं. निक्की के दो बच्चे हैं, जिनका नाम रेना और नले हैं. निक्की ने भारतीय मूल की दूसरी गवर्नर और पहली स्त्री गवर्नर होने का गौरव भी हासिल किया है. इसके बाद 2015 में भी वो गवर्नर चुनी गईं.