Invest Punjab : किसी भी राष्ट्र या राज्य के डेवलपमेंट में वहां की इंडस्ट्री का बहुत बड़ा सहयोग रहता है. पंजाब के सीएम भगवंत मान को यह बात अच्छे से मालूम है. यही कारण है कि वे राज्य को औद्योगिक पावर हाउस बनाने में लगे हैं. इन्वेस्ट पंजाब जैसी पहल इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है. पंजाब में न सिर्फ़ निवेश को बढ़ावा दिया जा रहा है, बल्कि रोजगार के मौके बढ़ाने पर भी तेजी से काम हो रहा है. पंजाब में मैन्यूफैक्चरिंग, केमिकल और पेट्रोकेमिकल्स, ऑटोमोटिव और ऑटो कंपोनेंट्स, कपड़ा और परिधान तथा कृषि और फूड प्रोसेसिंग जैसे सेक्टर्स में खूब निवेश आ रहा है.
क्या है इन्वेस्ट पंजाब?
इन्वेस्ट पंजाब एक पोर्टल है, जो निवेशकों को पंजाब में अपना उद्यम या फैक्ट्री लगाने के लिए एक बहुत आसान और तीव्र प्रोसेस प्रदान करता है. इस पोर्टल को प्रारम्भ करने के पीछे मान गवर्नमेंट का उद्देश्य ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देना है. जो उद्यमी पंजाब में अपनी औद्योगिक इकाइयां लगाना चाहते हैं, वे इन्वेस्ट पंजाब पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं. ऐसे इन्वेस्टर्स के लिए यह सिंगल विंडो औनलाइन सिस्टम है. यह उद्योगों के लिए क्लीयरेंस और इंसेटिव पाने का एंड टू एंड औनलाइन ट्रांसपेरेंट सिस्टम है. इस पोर्टल के जरिए इससे जुड़े 14 से अधिक डिपार्टमेंट्स 100 से अधिक रेगुलेटरी क्लीयरेंस और 36 फिस्कल इंसेटिव्ज प्रोवाइड कराते हैं. यहां आपको स्मार्ट डैशबोर्ड और आसान वेरिफिकेशन की सुविधा भी मिल जाती है.
कई राष्ट्रों से आ रहा निवेश
भारत ही नहीं, बल्कि पूरे विश्व के कई राष्ट्रों से पंजाब में निवेश आ रहा है. इन राष्ट्रों में अमेरिका, जापान, जर्मनी और स्विट्जरलैंड भी शामिल हैं. जरूरी बड़े निवेशों की बात करें तो टाटा स्टील ने लुधियाना के सेकेंडरी स्टील सेक्टर में 2600 करोड़ रुपये का इन्वेस्टमेंट किया है. नाभा पावर (L&T) ने पटियाला के पावर सेक्टर में 641 करोड़ रुपये का निवेश किया है. सनातन पॉलीकॉट ने फतेहगढ़ साहिब में मैन मेड फाइबर सेक्टर में 1600 करोड़ रुपये का निवेश किया है.
इन कंपनियों ने भी किया इन्वेस्टमेंट
जापान के टोप्पन ग्रुप ने पैकेजिंग सेक्टर में 548 करोड़ रुपये का इन्वेस्टमेंट किया है. इसके अलावा, रूपनगर में रुचिरा पेपर्स लिमिटेड ने 1137 करोड़ रुपये, होशियारपुर में अंबुजा सीमेंट्स लिमिटेड ने 1400 करोड़ रुपये, मोगा में नेस्ले इण्डिया ने 583 करोड़ रुपये, हैप्पी फोर्जिंग लिमिटेड ने लुधियाना में 438 करोड़ रुपये, द्रास इंजीनियरिंग प्राइवेट लिमिटेड ने होशियारपुर में 194 करोड़ रुपये और फ्रायडेनबर्ग ग्रुप ने रूपनगर में 338 करोड़ रुपये का निवेश किया है.