PM Modi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को गुजरात में वन्यजीव बचाव, पुनर्वास और संरक्षण केंद्र वंतारा का उद्घाटन किया। इस दौरान प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी ने वंतारा में रह रहे भिन्न-भिन्न प्रजाति के जानवरों को देखा। उसके साथ समय गुजरा, सफेद शेर के शावक समेत कई और जानवरों को पीएम ने खाना भी खिलाया। अपने दौरे में प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी ने एशियाई शेर शावकों, सफेद शेर शावक, हिम तेंदुआ शावक और कैराकल शावक समेत कई प्रजातियों के साथ खेलते भी दिखे। हिंदुस्तान में कभी बहुतायत में पाए जाने वाले कैराकल अब दुर्लभ होते जा रहे हैं। वंतारा में कैराकल को उनके संरक्षण के लिए प्रजनन कार्यक्रम के अनुसार कैद में पाला जाता है और बाद में जंगल में छोड़ दिया जाता है।
पीएम मोदी ने एमआरआई सेंटर को देखा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हॉस्पिटल के एमआरआई कमरे का भी दौरा किया और एक एशियाई शेर का एमआरआई होते हुए देखा। उन्होंने ऑपरेशन थियेटर का भी दौरा किया, जहां एक तेंदुआ राजमार्ग पर एक कार से टकराने के बाद जीवन रक्षक सर्जरी से गुजर रहा था। वंतारा में केंद्र में बचाए गए जानवरों को ऐसे स्थानों पर रखा जाता है जो उनके प्राकृतिक आवास से मिलते-जुलते हैं। केंद्र में किए गए कुछ प्रमुख संरक्षण पहलों में एशियाई शेर, हिम तेंदुआ, एक सींग वाला गैंडा आदि शामिल हैं।
प्रधानमंत्री ने कई खूंखार जानवरों के साथ समय बिताए। प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी ने गोल्डन टाइगर, 4 हिम टाइगर के साथ काफी देर गुजारा, इन जानवरों को सर्कस से बचाया गया था, जहां उन्हें करतब दिखाने के लिए विवश किया गया था। पीएम ने एक ओकापी को थपथपाया, खुले में चिम्पांजी से रूबरू हुए जिन्हें एक ऐसी सुविधा से लाया गया था जहां उन्हें पालतू जानवर के रूप में रखा गया था, गले मिले और ओरंगुटान के साथ प्यार से खेले।
जानवरों को खिलाया खाना, गुजारे वक्त
पीएम मोदी ने पानी के नीचे एक दरियाई घोड़े को करीब से देखा, मगरमच्छों को देखा, ज़ेबरा के बीच में सैर की, एक जिराफ और एक गैंडे के बच्चे को खाना खिलाया। एक सींग वाला गैंडा बच्चा अनाथ हो गया क्योंकि उसकी मां सुविधा में मर गई थी। उन्होंने एक बड़ा अजगर, अनोखा दो सिर वाला सांप, दो सिर वाला कछुआ, तपीर, तेंदुए के बच्चे भी देखे जिन्हें एक कृषि क्षेत्र में छोड़ दिया गया था और बाद में ग्रामीणों ने देखा और बचाया प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी ने विशाल ऊदबिलाव, बोंगो (मृग), सील के साथ भी समय गुजारा।
प्रधानमंत्री हाथियों को उनके जकूजी में देखा। हाइड्रोथेरेपी पूल गठिया और पैर की समस्याओं से पीड़ित हाथियों को ठीक करने में सहायता करते हैं, और उनकी गतिशीलता में सुधार करते हैं। उन्होंने हाथी हॉस्पिटल के कामकाज को भी देखा, जो दुनिया का सबसे बड़ा ऐसा हॉस्पिटल है। उन्होंने केंद्र में बचाए गए तोते को भी छोड़ा। अपने दौरे में प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी ने केंद्र में विभिन्न सुविधाओं का प्रबंधन कर रहे डॉक्टरों, सहायक कर्मचारियों और मजदूरों से भी वार्ता की।