सप्ताह के पहले व्यवसायी दिन को शेयर बाजार ने सधी हुई आरंभ की है. सेंसेक्स आज हरे निशान के साथ खुला. वहीं, नेशनल स्टाॅक एक्सचेंज यानी निफ्टी भी शुरुआती कारोबार में बढ़त देखने को मिली है. सुबह 9:30 बजे सेंसेक्स 26.8 अंकों या 0.05% की तेजी के साथ 54,353.19 अंक पर कारोबार कर रहा था. हालांकि, 9:35 पर सेंसेक्स ने यह बढ़त गवां दिया था. वहीं, निफ्टी 1.30 अंक या 0.01% की उछाल के साथ 16,267.45 पर कारोबार कर था.
शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 172.98 अंकों की बढ़त के साथ 54,499.37 के स्तर पर था तो निफ्टी 35.95अंक ऊपर 16,302.10 के स्तर पर. निफ्टी टॉप गेनर में मारुति, हीरो मोटर्स, एशियन पेंट्स, महिंद्रा एंड महिंद्रा और अपोलो टायर्स प्रमुख स्टॉक थे.
सुबह मारुति के शेयरों में सबसे अधिक 2.73% की उछाल देखने को मिली, एशियन पेंट्स, टायटन, कोटक बैंक के शेयर आज सेंसेक्स में हर निशान के ऊपर कारोबार कर रहे थे. दूसरी तरफ टाटा स्टील के शेयरों में सबसे अधिक 13.50% की गिरावट देखने को मिली है. ITC, पाॅवर ग्रिड, रिलायंस का शुरुआती प्रदर्शन आज खराब है. ये सभी स्टाॅक लाल निशान के नीचे कारोबार कर रहे थे.
संबंधित खबरें
इस हफ्ते कैसी रहेगी शेयर बाजार की चाल?
सैमको सिक्योरिटीज में इक्विटी अध्ययन प्रमुख येशा शाह ने कहा, ”पिछले हफ्ते बाजार में उतार-चढ़ाव रहा. वृहद आर्थिक आंकड़ों, मौजूदा तिमाही नतीजों के सीजन और डेरिवेटिव निपटान की वजह से यह सिलसिला इस हफ्ते भी जारी रह सकता है.’ शाह ने बोला कि एफओएमसी की बैठक का ब्योरा, अमेरिका के जीडीपी के अनुमान और बेरोजगारी के आंकड़े वैश्विक बाजारों की धारणा को प्रभावित करेंगे.
बीते हफ्ते बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 1,532.77 अंक या 2.90 प्रतिशत चढ़ा. वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 484 अंक या 3.06 फीसदी के फायदा में रहा. मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के खुदरा अध्ययन प्रमुख सिद्धार्थ खेमका ने कहा, ”कुल मिलाकर हमारा मानना है कि इस हफ्ते भी बाजारों में उतार-चढ़ाव रहेगा. वृहद स्तर पर कई चीजें मसलन ऊंची मुद्रास्फीति और आक्रामक ढंग से ब्याज दरों में वृद्धि बाजार को प्रभावित करेगी.” सप्ताह के दौरान सेल, जोमैटो, अडाणी पोर्ट्स, दीपक फर्टिलाइजर्स, इंटरग्लोब एविएशन, हिंडाल्को, एनएमडीसी, गेल और गोदरेज इंडस्ट्रीज के तिमाही नतीजे आएंगे. रेलिगेयर ब्रोकिंग के उपाध्यक्ष अध्ययन अजित मिश्रा ने बोला कि आगे चलकर वैश्विक रुख, तिमाही नतीजों का आखिरी चरण और रूस-यूक्रेन युद्ध बाजार की दिशा को प्रभावित करेगा.
कारोबार के पहले दिन एलआईसी 10 सबसे मूल्यवान कंपनियों में शामिल
सेंसेक्स की शीर्ष पांच कंपनियों में से तीन के बाजार मूल्यांकन (मार्केट कैप) में बीते हफ्ते सामूहिक रूप से 1,78,650.71 करोड़ रुपये की वृद्धि हुई. सबसे अधिक फायदा में रिलायंस इंडस्ट्रीज रही.
बीते हफ्ते बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 1,532.77 अंक या 2.90 फीसदी चढ़ गया. समीक्षाधीन हफ्ते में रिलायंस इंडस्ट्रीज, एचडीएफसी बैंक और भारत यूनिलीवर के बाजार पूंजीकरण वृद्धि हुआ. वहीं टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) और इन्फोसिस का बाजार मूल्यांकन घट गया.
हफ्ते के दौरान रिलायंस इंडस्ट्रीज का बाजार पूंजीकरण 1,31,320.8 करोड़ रुपये बढ़कर 17,73,889.78 करोड़ रुपये पर पहुंच गया. भारत यूनिलीवर का बाजार मूल्यांकन 30,814.89 करोड़ रुपये की वृद्धि के साथ 5,46,397.45 करोड़ रुपये रहा.
इसी तरह एचडीएफसी बैंक की बाजार हैसियत 16,515.02 करोड़ रुपये के उछाल के साथ 7,33,156.15 करोड़ रुपये पर पहुंच गई. इस रुख के उलट टीसीएस की बाजार हैसियत 43,743.96 करोड़ रुपये घटकर 12,05,254.93 करोड़ रुपये रह गई.
इन्फोसिस का मूल्यांकन 20,129.66 करोड़ रुपये के हानि के साथ 6,12,303.26 करोड़ रुपये पर आ गया. शीर्ष पांच कंपनियों की सूची में रिलायंस इंडस्ट्रीज पहले जगह पर रही. उसके बाद क्रमश: टीसीएस, एचडीएफसी बैंक, इन्फोसिस और भारत यूनिलीवर का जगह रहा.
इस बीच, राष्ट्र की सबसे बड़ी बीमा कंपनी जीवन बीमा निगम (एलआईसी) की शेयर बाजारों में मंगलवार को कमजोर आरंभ हुई. एलआईसी का शेयर अपने निर्गम मूल्य से करीब आठ फीसदी नीचे सूचीबद्ध हुआ.
कारोबार के पहले दिन एलआईसी 10 सबसे मूल्यवान कंपनियों में शामिल हो गई. फिलहाल एलआईसी शीर्ष 10 कंपनियों की सूची में 5,22,602.94 करोड़ रुपये के मूल्यांकन के साथ छठे जगह पर है.
बाजार मूल्यांकन के लिहाज से शीर्ष 10 कंपनियों की सूची में
आईसीआईसीआई बैंक 4,93,251.86 करोड़ रुपये के बाजार पूंजीकरण के साथ सातवें, स्टेट बैंक ऑफ इण्डिया 4,12,763.28 करोड़ रुपये के पूंजीकरण के साथ आठवें जगह पर है.
एचडीएफसी 3,99,512.68 करोड़ रुपये के मूल्यांकन के साथ नौवें और भारती एयरटेल 3,77,686.72 करोड़ रुपये के मूल्यांकन के साथ दसवें जगह पर है.
लगातार 10वें हफ्ते गिरा विदेशी मुद्रा भंडार
देश का विदेशी मुद्रा भंडार 13 मई को खत्म हफ्ते में लगातार दसवें हफ्ते कम होता हुआ 2.7 अरब $ घटकर 593.3 अरब $ पर आ गया. रिजर्व बैंक की ओर से जारी साप्ताहिक आंकड़े के अनुसार, 13 मई को खत्म हफ्ते में विदेशी मुद्रा भंडार के सबसे बड़े घटक विदेशी मुद्रा परिसंपत्ति 1.3 अरब $ घटकर 529.5 अरब $ पर आ गया. इसी तरह इस अवधि में स्वर्ण भंडार 1.2 अरब $ की गिरावट लेकर 40.6 अरब $ रह गया. आलोच्य हफ्ते विशेष आहरण अधिकार (एसडीआर) 16.5 करोड़ $ की कम होकर 18.2 अरब $ पर आ गया. इसी तरह अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) के पास आरक्षित निधि 3.9 करोड़ $ की गिरावट के साथ 4.9 अरब $ रह गई.