अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने राष्ट्र में छह दिन बाद होने वाले मध्यावधि चुनावों से पहले बोला कि पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा चुनावी गड़बड़ी को लेकर लगाए गए झूठे आरोपों और इनकी वजह से हुई हिंसा के कारण लोकतंत्र खतरे में है.
बाइडन ने प्रतिनिधि सभा की अध्यक्ष नैंसी पेलोसी के पति पर हुए हमले का विशेष उल्लेख करते हुए बोला कि ट्रंप द्वारा लगाए गए चुनावों में फर्जीवाड़ा के झूठे आरोपों के कारण ‘पिछले दो वर्ष में सियासी हिंसा और मतदाताओं को डराने-धमकाने के मुद्दे घातक रूप से बढ़े हैं.’
बाइडन ने कहा, ‘‘अमेरिका में गर्वनर, संसद, अटॉर्नी जनरल और विदेश मंत्रालय से लेकर हर स्तर पर ऐसे उम्मीदवार खड़े हो रहे हैं, जो चुनाव रिज़ल्ट को स्वीकार नहीं करेंगे.’’
उन्होंने कहा, ‘‘यह अमेरिका में तानाशाही का मार्ग है. यह अप्रत्याशित है. यह गैर-कानूनी है और यह अमेरिकी मूल्यों के अनुरूप नहीं है.’’
अमेरिकी राष्ट्रपति ने एमएजीए (‘मेक अमेरिका ग्रेट अगेन’ यानी ‘अमेरिका को फिर से महान बनाओ’) नारे का समर्थन करने वाले रिपब्किलन नेताओं पर निशाना साधा और सियासी हिंसा को लेकर चिंता व्यक्त की.