प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अमेरिका यात्रा के बाद हिंदुस्तान के दोस्त रूस ने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल से टेलीफोन पर वार्ता की है. रूस की सुरक्षा परिषद के सचिव निकोलाई पात्रुशेव ने बुधवार को एनएसए अजीत डोभाल को टेलीफोन किया और उन्हें रूस के ताजा घटनाक्रमों के बारे में जानकारी दी. दोनों शीर्ष ऑफिसरों के बीच ऐसे समय में वार्ता हुई है जब कुछ ही दिन पहले रूस को एक निजी सेना समूह ‘वैग्नर समूह’ के विद्रोह का सामना करना पड़ा था, लेकिन यह अल्पकालिक रहा.
रूसी बयान के अनुसार, पात्रुशेव ने डोभाल से टेलीफोन पर वार्ता की और उन्हें रूस के ताजा घटनाक्रम की जानकारी दी. बयान के अनुसार, ‘‘ इस दौरान द्विपक्षीय एवं बहुस्तरीय प्रारूप के ढांचे में सुरक्षा क्षेत्र में रूस-भारत योगदान से जुड़े वर्तमान मुद्दों और इसे गहरा बनाने की संभावनाओं के बारे में चर्चा हुई .’’ इसमें बोला गया है कि इसके अतिरिक्त एन पात्रुशेव ने डोभाल को रूस के ताजा घटनाक्रम के बारे में बताया. वार्ताकारों ने सीक्रेट वार्ता जारी रखने पर सहमति व्यक्त की.
भारत से संबंधों को और गहरा करना चाहता है रूस
गौरतलब है कि येवगेनी प्रीगोझिन के नेतृत्व वाले निजी रूसी सेना बल ‘वैग्नर’ समूह ने पिछले शनिवार को विद्रोह कर रूस के राष्ट्रपति व्लादीमिर पुतीन के समक्ष गंभीर चुनौती पेश की थी. हालांकि जब उनके लोग मॉस्को से केवल 200 किलोमीटर (120 मील) दूर थे, तो तब प्रीगोझिन ने अपने लड़ाकों को वापस बुलाने का निर्णय किया था. प्रीगोझिन ने अचानक क्रेमलिन के साथ समझौते के बाद निर्वासन में जाने और पीछे हटने की घोषणा कर दी थी. इधर यूक्रेन से युद्ध को 16 माह बीत चुके हैं. पश्चिमी राष्ट्र लगातार रूस की घेराबंदी कर रहे हैं. ऐसे में रूस अपने मित्र हिंदुस्तान के साथ संबंधों को और गहरा करना चाहता है.