इस वर्ष फुटबॉल वर्ल्ड कप का आयोजन मुसलमान राष्ट्र कतर में हो रहा है. जहां पूरे विश्व से फुटबॉल टीम और फैंस आ रहे हैं. इवेंट की आरंभ से ही कतर की गवर्नमेंट की खूब आलोचना हो रही है. उसने हिंदुस्तान में वॉन्टेड, भगोड़े और नफरत भरे भाषण देने वाले जाकिर नाइक को उपदेश देने के लिए बुलाया है. जिस पर कई अन्य राष्ट्र भी प्रतिबंध लगा चुके हैं. जाकिर नाइक की कतर विश्व कप में मौजूदगी ने हिंदुस्तान और कतर के बीत तल्खी पैदा करने का काम किया है. अब समाचार आई है कतर इस इवेंट की आड़ में इस्लाम का प्रचार प्रसार कर रहा है. दोहा में स्थापित कतर कल्चरल विलेज मस्जिद वर्तमान में उन विश्व कप फैंस के बीच चर्चा में है, जो इस्लाम के बारे में अधिक जानना चाहते हैं.
इस्लामिक प्रोपेगेंडा का कर रहा प्रचार
कई लोगों का बोलना है कि कतर वर्ल्ड कप की आड़ में इस्लामिक प्रचार से जुड़ा खेल खेलने में लगा है. इस्लाम के बारे में इलेक्ट्रॉनिक बोर्ड 30 भाषाओं में लगाए गए हैं. ये बोर्ड एंट्री गेट पर इस तरह से लगाए गए हैं कि आने-जाने वाले इन्हें टेलीफोन से देख सकें. साथ ही इस्लाम के बारे में बताने वाली बुकलेट भी भिन्न-भिन्न भाषाओं में छपवाकर लोगों को बांटी जा रही हैं. राष्ट्र में इस्लामी मामलों के मंत्रालय ने एक मंडप भी स्थापित किया है. जिसका उद्देश्य लोगों को फुटबॉल विश्व कप के दौरान इस्लाम और इसकी शिक्षाओं के बारे में बताना है. विश्व कप के दौरान पैगंबर मुहम्मद की कथनी, करनी और आदतों के बारे में विश्व कप फैंस को बताया जा रहा है. ये बातें सड़कों के किनारे दीवारों पर लिखी हुई हैं.
बीयर पर लगाया गया प्रतिबंध
कतर बीते 12 वर्ष से वर्ल्ड कप की तैयारी कर रहा था. कतर ने फुटबॉल विश्व कप के दौरान बीयर की बिक्री पर भी प्रतिबंध लगा दिया है. फैंस को नया अनुभव देने के लिए सड़कों से लेकर होटल और स्टेडियम तक बनाए गए हैं. साथ ही एक नया मेट्रो सिस्टम लॉन्च किया गया है. लेकिन जैसे ही विश्व कप प्रारम्भ हुआ, ऑफिसरों ने स्टेडियम में बीयर या शराब की बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया. स्टेडियम में सिर्फ गैर-मादक पेय पदार्थ बेचने की अनुमति है. इस्लाम के नियमों के अनुसार कतर में शराब पर प्रतिबंध है. लेकिन 21 वर्ष से ऊपर के युवा रेस्टोरेंट और बार में खरीदारी कर सकते हैं. हालांकि, यहां सार्वजनिक रूप से शराब पीना क्राइम है.
जाकिर नाइक को किया आमंत्रित
हाल ही में इस समाचार से हिंदुस्तान में हड़कंप मच गया था कि जाकिर नाइक वर्ल्ड कप में नजर आने वाला है. जाकिर नाइक हिंदुस्तान में मनी लॉन्ड्रिंग और अमर्यादित भाषा के मुद्दे में वॉन्टेड घोषित किया गया है. वर्ष 2016 में बांग्लादेश के एक कैफे पर हुए आतंकवादी हमले के बाद वह हिंदुस्तान से भाग गया था. राजधानी ढाका में हुए इस हमले में 22 लोगों की मृत्यु हो गई थी. हमले के बाद ऐसी खबरें आईं कि हमलावर जाकिर नाइक के भाषण से काफी प्रभावित थे. पिछले वर्ष नवंबर में हिंदुस्तान गवर्नमेंट ने जाकिर नाइक और उसके संगठन पर पांच वर्ष के लिए प्रतिबंध भी लगा दिया था.
कतर की तरफ से आया बयान
जाकिर नाइक वर्तमान में मलेशिया में है और उसे यहां परमार्नेंट रेजिडेंस मिल गया है. कनाडा और ब्रिटेन ने भी उस पर बैन लगा रखा है. उसे मलेशिया में प्रतिबंधित 16 लोगों में शामिल किया गया है. बताया जा रहा है कि वह वर्ष 2020 में हुए दिल्ली दंगों में भी शामिल था. लेकिन कतर में उसकी मौजूदगी ने भारतीय एजेंसियों को परेशान कर रखा था. वहीं कतर का बोलना है कि उसने जाकिर नाइक को आमंत्रित नहीं किया.