टीम इण्डिया ऑस्ट्रेलिया के विरूद्ध 20 सितंबर से 3 टी20 की सीरीज के साथ वर्ल्ड कप मिशन की आरंभ करेगी. ये सीरीज उन खिलाड़ियों के लिए स्वयं को परखने का मौका होगा, जिन्हें ऑस्ट्रेलिया में प्रारम्भ हो रहे टी20 वर्ल्ड कप के लिए टीम में स्थान मिली है. जहां कुछ खिलाड़ियों का टीम में चुना जाना तय था, वहीं कुछ खिलाड़ी ऐसे भी हैं जिनका चयन निश्चित तो नहीं था, पर बोर्ड ने टीम का बैलेंस देखते हुए इन्हें मौका और एक नया रोल दिया है. इस सीरीज में हिंदुस्तान को जडेजा का विकल्प भी तय करना होगा.
अश्विन : पावरप्ले और स्लॉग ओवर्स दोनों में गेंदबाजी में सक्षम
पिछले कुछ वर्षों में ऑस्ट्रेलिया में रिस्ट स्पिनर्स की कामयाबी के बावजूद वर्ल्ड कप टीम में फिंगर स्पिनर अश्विन को स्थान मिली है. उनके जगह पर रवि बिश्नोई अच्छा विकल्प थे, पर मेगा टूर्नामेंट के लिए अश्विन के अनुभव को तरजीह मिली है. टीम में युजवेंद्र चहल के रूप में एक रिस्ट स्पिनर पहले से ही उपस्थित है. आक्रामक और डिफेंसिव दोनों तरह की गेंदबाजी करने में सक्षम अश्विन पावरप्ले और स्लॉग ओवर्स दोनों में गेंदबाजी कर सकते हैं. ऑस्ट्रेलिया के बड़े मैदानों और तेज उछाल वाली पिचों पर अश्विन को खेलना दूसरी टीमों के लिए बड़ी चुनौती होगी.अर्शदीप: वर्ल्ड कप टीम में इकलौते बाएं हाथ के गेंदबाजबाएं हाथ के युवा तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह और दीपक चाहर के बीच वर्ल्ड कप टीम में स्थान बनाने की होड़ थी, पर सलेक्टर्स ने अर्शदीप को मुख्य टीम में चुना. चाहर को रिजर्व में रखा गया है. इसका एक कारण है कि चाहर और भुवनेश्वर एक जैसे स्किलसेट वाले गेंदबाज हैं और वर्ल्ड कप की 15-सदस्यीय टीम में अर्शदीप इकलौते बाएं हाथ के गेंदबाज होंगे. अर्शदीप को आईपीएल और एशिया कप में अच्छे प्रदर्शन का ईनाम मिला है. हालांकि, आरंभ में उनका रोल टीम में बैकअप पेसर का होगा क्योंकि मैनेजमेंट बुमराह, भुवी और हर्षल पटेल को प्राइमरी पेस अटैक रूप में देख रहा है. अर्शदीप द। अफ्रीका के विरूद्ध टी20 सीरीज में टीम से जुड़ेंगे.
ऑस्ट्रेलिया के विरूद्ध सीरीज में हिंदुस्तान का मुख्य ध्यान रवींद्र जडेजा का विकल्प तलाशने पर होगा. टीम में अभी कोई भी ऐसा खिलाड़ी नहीं है जो उनकी स्थान को सीधे भर सके. अक्षर पटेल, दीपक हुड्डा या अश्विन विकल्प हो सकते हैं, पर इसमें भी काफी पेच हैं. हुड्डा पार्ट-टाइम गेंदबाजी करते हैं, ऐसे में हार्दिक पर पांचवें गेंदबाज के रूप में दबाव बढ़ेगा. वहीं, अश्विन और अक्षर पटेल के खेलने पर टीम की बैटिंग डेप्थ कम हो जाती है. ऐसे में भारतीय टीम के पास चौथा विकल्प जडेजा की जरूरत को समाप्त करना रहेगा. यानी टीम दिनेश कार्तिक को टीम में स्थान दे और हार्दिक पांचवें फुल टाइम गेंदबाज की किरदार निभाए. ऐसा करके टीम बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों को एक साथ साध पाएगी. हालांकि, फिर भी छठे गेंदबाज का समस्या बना रहेगा.
आईपीएल में ऑलराउंड प्रदर्शन के बाद दीपक हुड्डा इंटरनेशनल क्रिकेट में भी चमके हैं. केवल 12 मैचों में हुड्डा 155 के हड़ताल दर और 42 के औसत से 293 रन बना चुके हैं. आयरलैंड के विरूद्ध सीरीज में पहले टी20 शतक से हुड्डा का वर्ल्ड कप टी20 टीम में दावा मजबूत हुआ. हुड्डा टीम में ओपनिंग से लेकर मिडिल ऑर्डर तक खेल सकते हैं. आवश्यकता पड़ने पर ऑफ ब्रेक स्पिन गेंदबाजी भी कर सकते हैं और अच्छे फील्डर भी हैं. रवींद्र जडेजा की अनुपस्थिति में दीपक उनके सर्वश्रेष्ठ विकल्प में से एक