महाराष्ट्र के कद्दावर नेता शरद पवार ने राष्ट्रवादी कांग्रेस (NCP) के अध्यक्ष पद से इस्तीफे की घोषणा कर दी है और इसके बाद से ही पार्टी नेताओं के बीच हड़कंप है। एनसीपी में 3 दिनों जारी नेतृत्व संकट पर महाराष्ट्र के पूर्व सीएम और शिवसेना (यूबीटी) के अध्यक्ष उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने अपनी पहली प्रतिक्रिया दी है। इसके साथ ही उन्होंने महा विकास अघाड़ी (Maha Vikas Aghadi) के साथ गठबंधन में बने रहने पर भी बड़ा बयान दिया है।
क्या उद्धव ठाकरे तोड़ देंगे गठबंधन?
उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने गुरुवार को बोला कि राष्ट्रवादी कांग्रेस (NCP) में जारी उलटफेर कांग्रेस पार्टी सहित तीन दलों के गठबंधन महा विकास अघाड़ी (MVA) को प्रभावित नहीं करेगा। मुंबई में पत्रकारों से बात करते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा, ‘मुझे नहीं लगता कि इसका एमवीए पर कोई असर पड़ेगा। यहां तक कि मेरी तरफ से भी हम ऐसा कुछ नहीं करेंगे, जिससे गठबंधन में दरार आए।’
शरद पवार को अध्यक्ष पर बने रहने के लिए की बात?
जब उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) से यह पूछा गया कि क्या क्या उन्होंने एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार (Sharad Pawar) से पद से हटने के उनके कदम पर फिर से विचार करने के लिए बात की। इस पर उद्धव ठाकरे ने हल्के-फुल्के अंदाज में हुए कहा, ‘शरद पवार को राय देने वाला मैं कौन होता हूं? यदि वह मेरी राय पर ध्यान नहीं देते हैं तो क्या होगा…’
उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने कहा, ‘पवार साहब को निर्णय लेने का अधिकार है और उनकी पार्टी के प्रत्येक कार्यकर्ता को अपने नेतृत्व को अपनी प्रतिक्रिया देने का अधिकार है। कल (5 मई) एनसीपी की बैठक है, जिसमें फैसला लिया जाना है, हमें उसका इन्तजार है।’
शरद पवार की आत्मकथा पर कही ये बात
अपनी आत्मकथा ‘लोक मझे संगति’ में शरद पवार (Sharad Pawar) की प्रतिकूल टिप्पणियों के बारे में पूछे जाने पर उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने बोला कि उनके पास कहने के लिए कुछ भी नहीं है, क्योंकि ‘मुख्यमंत्री के रूप में मेरा काम पूरी दुनिया और राज्य के लोगों के सामने है जो एक परिवार की तरह हैं।’ इसके साथ ही शिवसेना (यूबीटी) के मुख्य प्रवक्ता और सांसद संजय राउत (Sanjay Raut) ने बोला है कि वह जल्द ही ‘सामना समूह’ के माध्यम से ठाकरे पर पवार की टिप्पणियों का उत्तर देंगे।