नई दिल्ली: मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (CPI-M) के महासचिव सीताराम येचुरी (Sitaram Yechury) ने मंगलवार को दिल्ली में प्रशासनिक सेवाओं के नियंत्रण पर केंद्र के अध्यादेश की निंदा की और संसद में इसका विरोध करने के लिए आम आदमी पार्टी (AAP) का समर्थन करने की घोषणा की. उन्होंने कांग्रेस पार्टी और अन्य विपक्षी दलों से भी इस मुद्दे पर ‘आप’ का समर्थन करने की अपील करते हुए बोला कि दिल्ली में प्रशासनिक सेवाओं पर अध्यादेश की घोषणा संविधान का ‘‘घोर उल्लंघन” है और यह किसी भी उस राज्य में हो सकता है जहां बीजेपी BJP) की गवर्नमेंट नहीं है.
दिल्ली के सीएम एवं ‘आप’ संयोजक अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) के यहां माकपा के कार्यालय में येचुरी से मुलाकात करने के बाद यह घोषणा की गई. बैठक के बाद येचुरी ने केजरीवाल के साथ यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘हम केंद्र द्वारा लाए अध्यादेश की निंदा करते हैं. यह असंवैधानिक है. हम सबसे बड़े विपक्षी दल कांग्रेस पार्टी से हमारे संविधान को बचाने के लिए आगे आने की अपील करते हैं.” उन्होंने कहा, ‘‘ राज्यसभा हो या कहीं भी, हम अध्यादेश का विरोध करेंगे.”
केंद्र ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) और दानिक्स कैडर के ऑफिसरों के तबादले और उनके विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए राष्ट्रीय राजधानी सिविल सेवा प्राधिकरण बनाने के लिए हाल ही में एक अध्यादेश जारी किया था. यह अध्यादेश सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिल्ली में निर्वाचित गवर्नमेंट को पुलिस, सार्वजनिक प्रबंध और भूमि से संबंधित मामलों को छोड़कर अन्य मामलों का नियंत्रण सौंपने के बाद लाया गया है. अध्यादेश की घोषणा के छह महीने के भीतर केंद्र को इसकी स्थान संसद में एक विधेयक पेश करना होगा.(एजेंसी)