Manipur violence: असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने शनिवार को बोला कि मणिपुर में स्थिति दिन-प्रतिदिन बेहतर हो रही है और एक हफ्ते या अगले 10 दिनों में इसमें और सुधार होगा। सरमा, जो एनडीए के पूर्वोत्तर चैप्टर नॉर्थ-ईस्ट डेमोक्रेटिक अलायंस के संयोजक भी हैं, उन्होंने दावा किया कि मणिपुर में हालात धीरे-धीरे सामान्य हो रहे हैं। कांग्रेस पार्टी की आलोचना करते हुए उन्होंने बोला कि पार्टी मणिपुर को लेकर रो रही है, जबकि राज्य में अपेक्षाकृत शांति आ गई है।
सरमा ने बोला कि जब राज्य सामान्य स्थिति की ओर बढ़ रहा है तो कांग्रेस पार्टी रोने लगी है। जब मणिपुर में अस्थिर स्थिति थी तब उन्हें अपने कोशिश करने चाहिए थे। यहां तक कि उन्होंने उस समय मणिपुर पर भी कोई टिप्पणी नहीं की। उन्होंने गुवाहाटी में मीडिया से बोला कि राज्य गवर्नमेंट और केंद्रीय गृह मंत्रालय शांति बहाल करने के लिए चुपचाप काम कर रहे हैं। सरमा ने बोला कि एक महीने पहले की स्थिति की तुलना में मणिपुर की स्थिति में काफी सुधार हुआ है।
सरमा, जिन्होंने 10 जून को इंफाल का दौरा किया था और अपने मणिपुर समकक्ष एन। बीरेन सिंह और विभिन्न अन्य संगठनों के साथ कई बैठकें की थीं, ने बोला कि मणिपुर से संबंधित बैठकें इंफाल, गुवाहाटी और दिल्ली में हो रही हैं। पूर्वोत्तर क्षेत्र में बीजेपी के प्रमुख रणनीतिकारों में से एक सरमा ने 11 जून को गुवाहाटी में कुकी समुदाय के कुछ उग्रवादी समूहों के प्रतिनिधियों से भी मुलाकात की।
कुकी नेशनल ऑर्गनाइजेशन (केएनओ) के प्रवक्ता सेलेन हाओकिप ने असम के सीएम के साथ गुवाहाटी बैठक के बारे में मीडिया से बात करते हुए बोला था कि चर्चा “बहुत सकारात्मक थी, और ठीक दिशा में जा रही थी।”
हाओकिप ने बोला था, “हमने युद्धविराम और दोनों पक्षों की ओर से किसी भी तरह के हमले को समाप्त करने पर चर्चा की। हमने सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है। हमें आशा है कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और असम के सीएम संकट को हल करने के लिए सकारात्मक कदम उठाएंगे।”