पटना, 23 अप्रैल: बिहार में पिछले कुछ दिनों से हर दिन एक नई सियासी हलचल देखने को मिल रही है। शुक्रवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) की तरफ से दी गई रोजा इफ्तार दावत में शामिल होने पहुंचे, तो सियासी जानकारों के कान खड़े हो गए। कयास लगने लगे कि नीतीश कुमार अब भाजपा का साथ छोड़ेंगे और एक बार फिर से आरजेडी-जेडीयू का गठबंधन होगा। इन कयासों को लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप के उस बयान से और हवा मिल गई, जिसमें उन्होंने कहा कि उनकी गुप्त तौर पर नीतीश कुमार से बात हुई है और वो मिलकर सरकार बनाएंगे। हालांकि शनिवार को एक ऐसी तस्वीर सामने आई, जिससे ये सारे कयास खोखले नजर आए।
एक तस्वीर ने निकाली सारे कयासों की हवा
दरअसल, शनिवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बिहार के दौरे पर पहुंचे और पटना एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने उनका स्वागत किया। स्वागत के लिए नीतीश कुमार ने अमित शाह को गुलाब के फूलों का गुलदस्ता भेंट किया और इन फूलों की खुश्बू दोनों नेताओं के चेहरे पर मुस्कान के तौर पर दिखाई दी। इसके बाद मीडिया में जैसे ही मुस्कुराहट भरी ये तस्वीर जारी हुई, सियासी जानकारों के एक रात पहले लगाए गए सारे गणित बिगड़ गए। एयरपोर्ट के बाद अमित शाह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ एक बैठक भी की। आपको बता दें कि अमित शाह 1857 की क्रांति के नायक वीर कुंवर सिंह की 163वीं जयंती में शामिल होने के लिए बिहार पहुंचे थे।