कांग्रेस की ‘भारत जोड़ो यात्रा’ सोमवार को केरल के पलक्कड जिले पहुंच गई. इस दौरान कांग्रेस पार्टी सांसद राहुल गांधी बच्चों के साथ फुटबॉल खेलते नजर आए. यात्रा का सोमवार को 19वां दिन है. हालांकि राहुल का बच्चों के साथ फुटबॉल खेलने का वीडियो ऐसे समय में आया है जब राजस्थान में सियासी संकट जारी है. बता दें कि राजस्थान में सीएम अशोक गहलोत के वफादार कई विधायकों द्वारा विधायक दल की बैठक से पहले अपने इस्तीफे रविवार रात विधानसभा अध्यक्ष डाक्टर सी पी जोशी को सौंपे दिए थे. इसके बाद बाद पार्टी के वरिष्ठ नेता राज्य में गतिरोध को दूर करने का कोशिश कर रहे हैं.
इस बीच केरल के पलक्कड़ में कांग्रेस पार्टी नेता राहुल गांधी का बच्चों के साथ फुटबॉल खेलते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. हिंदुस्तान जोड़ो यात्रा के दौरान राहुल को सड़कों पर बच्चों के साथ खेल का आनंद लेते देखा गया. वीडियो को कांग्रेस ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर शेयर किया गया है. वीडियो शेयर करते हुए पार्टी ने लिखा, “ये भविष्य ही तो संवारना है और इनके लिए हर कठिनाई से टकरा जाना है.” 40 सेकंड के वीडियो में, बैंगनी रंग की टी-शर्ट और सफेद शॉर्ट्स पहने बच्चों को पलक्कड़ की सड़कों पर फुटबॉल खेलते देखा जा सकता है.
इस बीच, राजस्थान कांग्रेस पार्टी एक बार फिर संकट में आ गई है. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के खेमे के करीब 80 से अधिक विधायकों ने रविवार रात विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी को अपना इस्तीफा सौंप दिया. जुलाई 2020 में गहलोत गवर्नमेंट के विरूद्ध बगावत करने वालों में से कई विधायक राजस्थान के नए मुख्यमंत्री की नियुक्ति का विरोध कर रहे हैं.
उल्लेखनीय है कि कांग्रेस पार्टी विधायक दल की बैठक रविवार रात मुख्यमंत्री निवास में होनी थी, लेकिन इससे पहले ही गहलोत के वफादार माने जाने वाले विधायक संसदीय कार्य मंत्री शांति धारीवाल के बंगले पर बैठक करने के बाद जोशी के आवास पर पहुंचे और अपने इस्तीफे उन्हें सौंप दिए. वहीं, खड़गे, माकन, गहलोत, कांग्रेस पार्टी की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, पूर्व उपमुख्यमंत्री पायलट एवं कुछ अन्य विधायक देर रात तक मुख्यमंत्री आवास में इन्तजार करते रहे और बाकी विधायकों के नहीं आने से विधायक दल की बैठक अंतत: नहीं हो सकी. कुल 200 सदस्यों वाले सदन में कांग्रेस पार्टी के 108 विधायक हैं. पार्टी को 13 निर्दलीय उम्मीदवारों का भी समर्थन प्राप्त है. इन इस्तीफों के बारे में जोशी के कार्यालय से अभी कुछ नहीं बोला गया है.