कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को बोला कि विपक्ष के नेतृ्तव वाली इण्डिया गठबंधन की गवर्नमेंट सत्ता में आने पर 15 अगस्त तक विभिन्न सरकारी विभागों में 30 लाख रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया प्रारम्भ करेगी. एक वीडियो संदेश में, कांग्रेस पार्टी सांसद ने राष्ट्र के युवाओं से एक अपील की जिसमें उन्होंने बोला अगले 4-5 दिन पीएम मोदी ध्यान भटकाने की प्रयास करेंगे क्योंकि उन्हें समझ आ गया है कि चुनाव उनके हाथ से फिसल रहा है.
राहुल गांधी ने अपने संदेश में बोला कि वह पीएम नहीं बनेंगे और उन्होंने अब 4-5 दिनों के लिए आपका ध्यान भटकाने का निर्णय किया है.‘ वह कोई न कोई ड्रामा करेंगे. लेकिन आपका ध्यान नहीं भटकना चाहिए. बेरोजगारी एक बड़ा मामला है नरेंद्र मोदी ने 2 करोड़ नौकरियों का वादा किया था लेकिन यह असत्य था. वह नोटबंदी, गलत GST लाए और अडानी जैसे लोगों की सेवा की. उन्होंने बोला कि हम भारती भरोसा लेकर आ रहे हैं. 4 जून को इण्डिया ब्लॉक गवर्नमेंट बनाएगा और 15 अगस्त तक 30 लाख खाली पदों को भरने की प्रक्रिया प्रारम्भ हो जाएगी. जय हिंद. नमस्कार.
उन्होंने अपने संदेश में नरेंद्र मोदी के इस हमले पर पलटवार करते हुए अडानी का जिक्र किया कि राहुल गांधी ने अडानी-अंबानी का नाम लेना बंद कर दिया है. उन्होंने बोला कि पांच वर्ष तक कांग्रेस पार्टी के शहजादा एक ही बात दोहराते रहे. लेकिन जब राफेल मामला फीका पड़ गया, तो उन्होंने पांच उद्योगपतियों, खासकर अंबानी और अडानी को निशाना बनाना प्रारम्भ कर दिया. हालाँकि, चुनावों की घोषणा होने के बाद, उन्होंने उन पर धावा करना बंद कर दिया. मैं तेलंगाना की धरती से पूछना चाहता हूं कि शहजादा घोषणा करें कि अंबानी-अडानी से कितना उठाया है. क्या कांग्रेस पार्टी के पास तेजी से पैसा पहुंचा है? ऐसी कौन सी डील हो गई कि रातों-रात अंबानी-अडानी को गाली देना बंद हो गया.जबकि कांग्रेस पार्टी ने इस बात पर बल दिया कि राहुल गांधी ने अडानी-अंबानी के बारे में बात करना कभी बंद नहीं किया, राहुल गांधी ने पूछा कि क्या प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी को अपने पर्सनल अनुभव से ‘पैसे के टेंपो लोड’ के बारे में पता था. गांधी ने कहा, “मोदी जी, क्या आप थोड़ा डरे हुए हैं? आम तौर पर आप बंद दरवाजों के पीछे अडानी और अंबानी के बारे में बात करते हैं, लेकिन पहली बार आपने सार्वजनिक रूप से अडानी और अंबानी के बारे में बात की है.”