राजधानी दिल्ली में कांग्रेस केंद्र की मोदी गवर्नमेंट के विरूद्ध विरोध प्रदर्शन और मार्च कर रही है। संसद भवन और राष्ट्रपति भवन के बीच राहुल गांधी और प्रियंका गांधी समेत कांग्रेस पार्टी के अनेक नेताओं ने काले कपड़े पहनकर प्रदर्शन किया। इस दौरान दिल्ली पुलिस ने राहुल गांधी सहित कई कांग्रेस पार्टी सांसदों को हिरासत में ले लिया।
दिल्ली पुलिस पर हाथापाई का लगाया आरोप
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने हिरासत में लेने से पहले मीडियाकर्मियों से बात करते हुए दिल्ली पुलिस पर पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ हाथापाई करने का आरोप लगाया। राहुल गांधी ने कहा, ‘हम यहां महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दों पर खड़े हैं। हम आगे बढ़ना चाहते थे, लेकिन पुलिस ने हमें अनुमति नहीं दी।
‘हमारा काम महंगाई और बेरोजगारी के मामले को उठाना है’
सांसदों के साथ बदसलूकी के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘यह ठीक है। हमारा काम इन ताकतों का विरोध करना है, हमारा काम यह सुनिश्चित करना है कि भारतीय लोकतंत्र की रक्षा हो। हमारा काम महंगाई और बेरोजगारी जैसे लोगों के मुद्दों को उठाना है और हम वही कर रहे हैं
संसद में काले कपड़े पहनकर पहुंचे कांग्रेस पार्टी सांसद
बता दें कि संसद भवन से पार्टी सांसदों का मार्च प्रारम्भ होने से पहले कांग्रेस पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी भी इसमें थोड़ी देर के लिए शामिल हुईं। पार्टी सांसदों ने काले कपड़े पहन रखे थे। पुलिस ने कांग्रेस पार्टी नेताओं को विजय चौक पर ही रोक दिया। कांग्रेस पार्टी सांसद राष्ट्रपति भवन तक पहुंचना चाहते थे।
राहुल गांधी ने ट्वीट कर गवर्नमेंट को बताया तानाशाह
राहुल गांधी ने ट्वीट किया, ‘इस तानाशाह गवर्नमेंट को डर लग रहा है। हिंदुस्तान के हालत से, कमरतोड़ महंगाई और ऐतिहासिक बेरोजगारी से, अपनी नीतियों से लाई बर्बादी से। जो सच्चाई से डरता है, वो ही आवाज उठाने वालों को धमकाता है!’
जयराम रमेश ने कही ये बात
वहीं, कांग्रेस पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने ट्वीट कर कहा, ‘आज एक बार फिर कांग्रेस पार्टी सांसदों को महंगाई, बेरोजगारी और GST के विरूद्ध प्रदर्शन करने के लोकतांत्रिक अधिकार से वंचित कर दिया गया। विजय चौक पर हमें पुलिस वैन में भर दिया गया। एक चीज साफ है, जो डरते हैं वही डराने का कोशिश करते हैं