प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने केंद्रीय आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय से उन परियोजनाओं की जानकारी मांगी है जो अगले दो साल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों शिलान्यास और उद्घाटन के लिए तैयार हो जाएंगी। यह जानकारी गुरुवार को जारी हुए एक आधिकारिक दस्तावेज में दी गई है।
पीएमओ के इस कदम को राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि 2024 के आम चुनाव में अब लगभग दो साल ही बचे हैं और भाजपा के नेतृत्व वाला एनडीए लगातार तीसरी बार इसमें जीत हासिल करना चाहेगा।
केंद्रीय सार्वजनिक कार्य विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) की ओर से पिछले सप्ताह जारी एक संचार के अनुसार आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय से इस तरह की परियोजनाओं को लेकर एक विस्तृत रिपोर्ट पेश करने के लिए कहा गया है। इसी मंत्रालय के तहत आने वाला सीपीडब्ल्यूडी विभाग केंद्र सरकार की एक प्रमुख निर्माण एजेंसी है।
सीपीडब्ल्यूडी मोदी सरकार की महत्वाकांक्षी सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास परियोजना का कार्य भी संभाल रही है। विभाग के कार्यकारी इंजीनियर दमनजीत सिंह ने संबंधित अधिकारियों को क्षेत्रीय स्तर पर संकलित सूचना निदेशालय को उपलब्ध कराने को कहा है। अधिकारियों के इसके लिए दो मई तक का समय दिया गया है।
सिंह ने कहा कि केवल उन परियोजनाओं पर शिलान्यास के लिए विचार किया जाएगा, जहां अधिग्रहण और अन्य जरूरी अनुमतियां पूरी हो चुकी होंगी। दस्तावेज के अनुसार इसमें परियोजनाओं की कीमत, राज्य का नाम और इनके उद्घाटन व पूरे होने की संभावित तारीख जैसी जानकारियां मांगी गई हैं।