देहरादून, 6 मार्च (आईएएनएस). उत्तराखंड की विश्व मशहूर चारधाम यात्रा 22 अप्रैल से प्रारम्भ हो रही है. चारधाम यात्रा में इमरजेंसी के दौरान श्रद्धालुओं को ड्रोन के जरिए दवाई मौजूद कराई जाएगी. इसके साथ ही श्रद्धालुओं के लिए थ्री लेयर की स्वास्थ्य सुविधाएं मौजूद कराने जा रही है. केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ मनसुख मंडाविया ने उत्तराखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत से मुलाकात के बाद यह बात कही. उन्होंने बोला कि लाखों तीर्थयात्री चारधाम की यात्रा करते हैं. मुश्किल रास्ते के चलते तीर्थयात्रियों के सामने आने वाली स्वास्थ्य चुनौतियां पिछले कई वर्ष में बढ़ चुकी हैं.
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ मंडाविया ने हिंदुस्तान गवर्नमेंट से पूर्ण समर्थन का आश्वासन दिया और बोला कि आने वाले तीर्थयात्रियों के लिए सर्वोत्तम संभव स्वास्थ्य देखभाल और स्वास्थ्य इमरजेंसी बुनियादी ढांचा प्रदान किया जाएगा. उन्होंने बताया कि एंबुलेंस और स्ट्रोक वैन के एक मजबूत नेटवर्क की योजना यह सुनिश्चित करने के लिए बनाई गई है कि श्रद्धालुओं को समय पर ही रास्ते में इलाज मिल सके. उन्होंने बोला कि ये एंबुलेंस यात्रा मार्ग के विभिन्न प्वॉइंट्स पर तैनात रहेंगी. राष्ट्र भर के मेडिकल कॉलेजों के पीजी विद्यार्थियों को मजबूत हेल्थकेयर इंफ्रास्ट्रक्च र के हिस्से के रूप में यात्रा मार्ग पर तैनात करने का प्रस्ताव है.
इसके अतिरिक्त चारधाम यात्रा मार्ग के ऊंचे इलाकों में इमरजेंसी के दौरान दवाएं उपलब्ध कराने के लिए ड्रोन का भी उपयोग किया जाएगा. बता दें कि हाल ही में ऋषिकेश एम्स ने ड्रोन के जरिए टिहरी तक दवा पहुंचाई थी. इसके साथ ही गवर्नमेंट एम्स ऋषिकेश, दून मेडिकल कॉलेज और श्रीनगर मेडिकल कॉलेजों के साथ एक मजबूत रेफरल बैकएंड सिस्टम विकसित किया जा रहा है, जो जानकार देखभाल के लिए नोडल के रूप में काम कर रहा है. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने बोला कि यह तीर्थयात्रियों के स्वास्थ्य के लिए ये तरीका कारगार साबित होंगे.