पीएम नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को चिराग पासवान की पार्टी लोजपा (रामविलास) के विधायकों से मुलाकात की. इस दौरान उन्होंने चिराग पासवान की प्रशंसा करते हुए बोला कि मुझे खुशी है कि उन्होंने स्वयं को योग्य साबित किया है और अपने पिता के सपनों को पूरा कर रहे हैं. चिराग पासवान लोजपा (रामविलास) के अध्यक्ष हैं और पूर्व केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान के बेटे हैं. समाजवादी नेता रामविलास पासवान ने लोजपा का गठन किया था और उनके मृत्यु के बाद पार्टी दो धड़ों में विभाजित हो गई थी.
एक धड़े का नेतृत्व पूर्व केंद्रीय मंत्री और रामविलास पासवान के भाई पशुपति कुमार पारस कर रहे हैं, जबकि दूसरे धड़े का नेतृत्व चिराग पासवान के हाथों में है. दोनों ही धड़े राजग के सदस्य हैं. लोकसभा चुनाव के लिए सीट के बंटवारे को लेकर हुए समझौते के अनुसार बीजेपी ने लोजपा (रामविलास) को पांच सीट दी थीं, जबकि पशुपति पारस नीत पार्टी को एक भी सीट नहीं मिल पाई थी. बीजेपी पर अपनी पार्टी को नजरअंदाज करने का इल्जाम लगाते हुए पारस ने केंद्रीय मंत्रिमंडल से त्याग-पत्र दे दिया था.
प्रधानमंत्री ने मुलाकात की फोटोज़ साझा करते हुए ‘एक्स’ पर लिखा, ‘रामविलास पासवान जी मेरे बहुत प्रिय मित्र थे, जिनकी बहुमूल्य अंतर्दृष्टि मुझे बहुत याद आती है. मुझे खुशी है कि चिराग पासवान ने स्वयं को योग्य साबित किया है और रामविलास जी के सपनों को पूरा कर रहे हैं. हमारी पार्टियां सार्वजनिक सेवा के लिए मजबूती से एक साथ हैं.’ संसद का सत्र शुरु होने के बाद पीएम मोदी लगातार गठबंधन के सहयोगी दलों के सांसदों से मुलाकात कर रहे हैं. इससे पहले गुरुवार को जेडीयू के सांसदों से मोदी की मुलाकात हुई थी.इस दौरान पीएम ने बिहार के सीएम नीतीश कुमार के नेतृत्व की सराहना की थी. मोदी ने बुधवार को तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) के सांसदों से मुलाकात की थी और आंध्र प्रदेश के सीएम चंद्रबाबू नायडू की सराहना की थी. लोकसभा में तेदेपा के 16 सांसद हैं और वह बीजेपी की सबसे बड़ी सहयोगी है. लोकसभा में 12 सांसदों के साथ जद(यू) बीजेपी की दूसरी सबसे बड़ी सहयोगी पार्टी है, जबकि लोजपा (रामविलास) के पांच सांसद हैं. केंद्रीय मंत्रिपरिषद में लोजपा (रामविलास) का एक, जबकि तेदेपा और जद (यू) के दो-दो सदस्य हैं.