Tips To Quit Smoking: स्मोकिंग जैसी कोई भी लत एक बार लग जाए तो इसे छोड़ना आसान नहीं होता है। खासतौर पर तब जब आपके इर्द-गिर्द इसी तरह की आदत रखने वाले लोग हों। लेकिन स्मोकिंग और एल्कोहॉल को किसी भी सूरत में छोड़ देना ही सबसे बेहतर होता है। कई बार लोग लाख प्रयास के बाद भी ऐसा नहीं कर पाते हैं। कभी दोस्तों के दबाव में आकर तो कभी क्रेविंग फील होने के कारण ये फिर से इस लत की गिरफ्त में आ जाते हैं। आज हम यहां आपको थोड़ी दंग करने वाली लेकिन बहुत असरदार थियोरी के बारे में बता रहे हैं, धूम्रपान छोड़ने में पीएचडी कर रहे एक डच मनोवैज्ञानिक ने एक विशेष सिद्धांत विकसित किया है, जो आपकी सहायता कर सकता है
मनोवैज्ञानिक प्रश्नावली
पहचान के मुताबिक व्यवहार
बिना सिगरेट के आप अपने आपको कैसे देखते हैं और सिगरेट स्मोकर से अलग आपकी पहचान क्या है, ये दोनों ही बातें सोच पाना उस आदमी के लिए बहुत महत्वपूर्ण होता है, जो स्मोकिंग छोड़ना चाहता है। यह एकदम इस तरह है जैसे, प्रत्येक दिन पार्क में जाकर दौड़ने का काम वो आदमी पूरी तन्मयता और लगन के साथ करेगा, जो स्वयं को एक एथलीट की तरह देखना चाहता है।अधिक फिट और सुन्दर दिखना चाहता है। बजाय उनके जो स्वयं को लेकर ऐसा कुछ एकदम नहीं सोचते। यानी अपने लक्ष्य की प्राप्ति को यदि आप अपनी पहचान के साथ जोड़ लेते हैं तो इसे लक्ष्य को प्राप्त करना अधिक आसान हो जाता है।
साथ में होती है इनकी जरूरत
किसी लत का शिकार होने पर उसे छोड़ने के लिए मोटिवेशन के साथ ही दवाओं और कुछ सहायक थेरपीज की भी आवश्यकता होती है। जैसे निकोटिन पैच और अन्य थेरपी, जो साइकोलजिस्ट अपने पेशंट को उसकी स्थिति के मुताबिक देते हैं। एलाइन मीजर कहती हैं कि आप स्वयं को किस रूप में देखना चाहते हैं, जब यह आपके मन में साफ होता है तो सिगरेट छोड़ना आपके लिए काफी हद तक आसान होता है। इसलिए अपने आप से यह प्रश्न जरूर करें कि सिगरेट के बिना मैं क्या हूं?
Disclaimer: इस आर्टिकल में बताई विधि, तरीक़ों व दावों को सिर्फ सुझाव के रूप में लें, मीडिया इनकी पुष्टि नहीं करता है। इस तरह के किसी भी उपचार/दवा/डाइट पर अमल करने से पहले चिकित्सक की राय जरूर लें।