असम बीजेपी (BJP) के विधायक दिगांत कलिता ने शनिवार को बदरुद्दीन अजमल की उस टिप्पणी पर जमकर निशाना साधा, जिसमें उन्होंने बोला था कि हिंदुओं को विवाह के लिए ‘मुस्लिम फॉर्मूला’ अपनाने की बात कही थी. कलित ने बोला कि ऑल इण्डिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (AIUDF) के प्रमुख अजमल को बांग्लादेश चले जाना चाहिए.
कलिता ने कहा, ‘आप मुस्लिम हैं और हम हिंदू हैं. क्या हमें आपसे सीखना है? यह भगवान राम और देवी सीता का राष्ट्र है. यहां बांग्लादेशियों के लिए कोई स्थान नहीं है. हमें मुसलमानों से सीखने की आवश्यकता नहीं है.’ उन्होंने कहा, ऐसी बातें कहकर आप अपनी मां और बहन पर आरोप लगा रहे हैं. मैं इसकी निंदा करता हूं और आपको चेतावनी देता हूं कि ऐसा मत करो वरना बांग्लादेश जाओ और ऐसा करो. हिंदू इसे स्वीकार नहीं करेंगे. राजनीति के लिए इतना नीचे न गिरें और अपना बेच दें. मां और बहन की गरिमा पर कुठाराघात मत करो.
हिंदुओं को मुसलमान फॉर्मूला अपनाने की सलाह
एआईडीयूएफ प्रमुख बदरुद्दीन अजमल ने शुक्रवार को यह कहकर टकराव खड़ा कर दिया था कि हिंदुओं को मुसलमान फॉर्मूला अपनाना चाहिए और अपने बच्चों की विवाह कम उम्र में कर देनी चाहिए. AIUDF चीफ ने बोला था, ‘मुस्लिम पुरुष 20-22 वर्ष की उम्र में विवाह करते हैं, और मुसलमान महिलाएं भी गवर्नमेंट द्वारा अनुमेय उम्र के बाद 18 वर्ष की उम्र में विवाह करती हैं. दूसरी तरफ, (हिंदू) विवाह से पहले एक दो या तीन गैर कानूनी पत्नियां रखते हैं, वे बच्चों को जन्म नहीं देते, मौज-मस्ती करते हैं और पैसे बचाते हैं.’
देर से विवाह करने को लेकर भी उठाया था सवाल
मुस्लिम जनसंख्या बढ़ने के दावों के बारे में पूछे जाने पर एआईडीयूएफ प्रमुख ने बोला था, ’40 वर्ष की उम्र के बाद वे माता-पिता के दबाव में विवाह कर लेते हैं … इसलिए, कोई कैसे आशा कर सकता है कि वे 40 के बाद बच्चे पैदा करेंगे? यदि आप उपजाऊ भूमि में बोते हैं तभी तुम अच्छी फसल ले सकते हो. तभी विकास होगा.’