उत्तर कोरिया के तानाशाह तानाशाह किम जोंग उन लगातार मिसाइल टेस्ट कर दुनिया को चुनौती देने की प्रयास कर रहे हैं। इस बीच उत्तर कोरिया की ओर से हाल में किए गए बैलिस्टिक मिसाइल टेस्ट के बाद अमेरिका ने कठोरी दिखाई है। उत्तर कोरिया के संदेह्तिशाली मिसाइल परीक्षण के बाद अमेरिका ने नए प्रतिबंधों की घोषणा की है। तानाशाह किम जोंग उन के नए अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल (आईसीबीएम) परीक्षण के बाद अमेरिका ने गुरुवार को रूस और उत्तर कोरिया में संस्थाओं और लोगों पर नए प्रतिबंधों की घोषणा की। अमेरिकी विराष्ट्र विभाग ने एक बयान में कहा है कि टारगेटेड जाहीरियों और संगठनों पर उत्तर कोरिया के मिसाइल कार्यक्रम में संवेदनशील चीजओं को जगहांतरित करने का इल्जाम है।
उत्तर कोरिया की पावरफुल मिसाइल टेस्ट के बाद अमेरिका कठोर
अमेरिकी विराष्ट्र विभाग की ओर से बयान में कहा गया है कि ये तरीका डीपीआरके की मिसाइल कार्यक्रम को आगे बढ़ाने की क्षमता को बाधित करने के हमारे चल रहे कोशिशों का हिस्सा हैं। ये ऐसे कार्यक्रमों के प्रसारक के रूप में वैश्विक मंच पर रूस की निगेटिव भूमिका को उजागर करते हैं। गुरुवार को उत्तर कोरिया की ओर से किया गया प्रक्षेपण काफी संदेह्तिशाली था। किम जोंग ने 2017 के बाद से गुरुवार को राष्ट्र की सबसे संदेह्तिशाली मिसाइल दागा था और ऐसा प्रतीत होता है कि परमाणु-सशस्त्र देश द्वारा परीक्षण की गई किसी भी पिछली अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल की तुलना में अधिक और आगे की यात्रा की है।
अमेरिका ने नए प्रतिबंधों की घोषणा की
उत्तर कोरिया के नेता तानाशाह किम जोंग उन ने अमेरिकी साम्राज्यवादियों के विरूद्ध अपने परमाणु कार्यक्रम को बढ़ावा देने के लिए राष्ट्र के नए प्रकार के आईसीबीएम के परीक्षण-फायरिंग का निजी तौर पर निरीक्षण किया। स्टेट मीडिया ने इस बारे में सूचना दी है। अमेरिकी विराष्ट्र विभाग ने कहा कि बाइडेन प्रशासन ने उत्तर में अर्डिस ग्रुप, पीएफके प्रोपोडशिपनिक नामक रूसी संस्थाओं और इगोर अलेक्जेंड्रोविच मिचुरिन नामक एक रूसी जाहीरि पर प्रतिबंध लगाए हैं। इसके साथ ही उत्तर कोरियाई नागरिक री सुंग चोल और एक उत्तर कोरियाई यूनिट पर भी प्रतिबंध लगाए हैं जिसे जिसे सेकेंड एकेडमी ऑफ नेचुरल साइंस फॉरेन अफेयर्स ब्यूरो कहा जाता है। बयान में इन लोगों और संगठनों के विरूद्ध इल्जामों को लेकर विस्तार से जानकारी नहीं दी गई है। इससे पहले अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने उत्तर कोरिया के हथियार कार्यक्रम का समर्थन करने वाले दो रूसी जाहीरियों और तीन संगठनों के विरूद्ध प्रतिबंध लगाए थे।