यूक्रेन में हमले के विरूद्ध कई राष्ट्रों और अंतर्राष्ट्रीय संगठनों ने रूस पर कड़े प्रतिबंध लगाए हैं। दुनिया के कई राष्ट्र व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) के फैसले के विरूद्ध रूस को अलग-थलग करने की नीति पर कार्य कर रहे हैं। ब्रिटेन ने भी रूस पर कई प्रतिबंध लगाए हैं। भयंकर जंग के बीच ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन (Boris Johnson) ने कहा है कि हमने आज प्रातः काल रूस को अंतर्राष्ट्रीय वित्तीय प्रणाली (International Financial System ) से अलग कर दिया है। ब्रिटेन का मानना है कि पुतिन का यूक्रेन में ऑपरेशन अंतर्राष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन है ऐसे में रूस के विरूद्ध कड़े आर्थिक प्रतिबंध लगाए जा रहे हैं। इससे पहले अमेरिका, फ्रांस समेत कई राष्ट्रों ने रूस के विरूद्ध कई प्रतिबंध लगा दिए हैं।
ब्रिटेन ने रूस को अंतर्राष्ट्रीय वित्तीय सिस्टम से किया अलग
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन (Boris Johnson) ने कहा कि वो अपने योगदानियों और G7 के साथ मिलकर यूक्रेन (Ukraine) में रूस की कार्रवाई के विरूद्ध एकजुट होकर कार्य कर रहे हैं। हमने रूस को अंतर्राष्ट्रीय वित्तीय सिस्टम से अलग कर दिया है। उन्होंने कहा कि हम यूक्रेन में घृणित और क्रूर अभियान के लिए राष्ट्रपति पुतिन के विरूद्ध संभव सबसे गंभीर आर्थिक प्रतिबंध लागू करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। पीएम ने कहा कि रूसी राष्ट्रपति को अपने मकसद में विफलता मिलनी चाहिए।
यूरोपीय संघ समेत कई राष्ट्रों ने रूस पर लगाए हैं प्रतिबंध
इससे पहले यूरोपीय संघ (EU) ने रूसी विमानों के लिए अपने हवाई क्षेत्र (Airspace) को बंद करने और रूसी स्टेट मीडिया (Russian State Media) प्रसारण पर बैन को लेकर प्रतिबंधों की घोषणा की है। इसके साथ ही यूरोपीय संघ ने यूक्रेन की सहायता के लिए हथियार खरीदने का भी फैसला किया है। यूरोपीय संघ के प्रमुख उर्सुला वॉन डेर लेयेन (Ursula Von Der Leyen) ने घोषणा करते हुए कहा कि यूक्रेन को हथियारों से सहायता के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। वॉन डेर लेयन ने एक दिन पहले भी रूस पर प्रतिबंधों की घोषणा की थी जिसमें स्विफ्ट इंटरबैंक मैसेजिंग नेटवर्क से कुछ रूसी बैंकों को काटना, रूस के केन्द्रीय बैंक के साथ सभी लेनदेन पर बैन लगाना शामिल है।