जम्मू-कश्मीर के मुख्य निर्वाचन अधिकारी पीके पोले ने शनिवार को बोला कि गृह मंत्रालय केंद्र शासित प्रदेश में आनें वाले विधानसभा चुनाव कराने के लिए सुरक्षा उपलब्ध करा रहा है. एएनआई से बात करते हुए पोल ने बोला कि गृह मंत्रालय ने यह फैसला जम्मू और कश्मीर क्षेत्र में सुरक्षा चुनौतियों को देखते हुए और शांतिपूर्ण चुनाव प्रक्रिया को संपन्न कराने के लिए लिया है.
पोल ने एएनआई को बताया, “पिछले 2-3 दशकों से जम्मू और कश्मीर में सुरक्षा चुनौतियां रही हैं. हाल के सालों में (आतंकवादी घटनाओं में) कमी आई है. यह एक चालू और बंद स्थिति है. हमने विस्तृत सुरक्षा प्रबंध की है. उम्मीदवारों, सियासी दलों, हमारे आरओ अधिकारियों, पर्यवेक्षकों, स्ट्रांग रूम के लिए, यह सब गृह मंत्रालय के साथ उठाया गया था और तदनुसार, सुरक्षा प्रदान की जा रही है.” वह जम्मू और कश्मीर में आनें वाले चुनावों के लिए सुरक्षा प्रबंध पर बोल रहे थे.
उन्होंने बोला कि लोकसभा चुनाव शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुए. “कोई सियासी अत्याचार नहीं होगी. हम (किसी भी तरह की स्थिति के लिए) पूरी तरह तैयार हैं.” हाल ही में हुई आतंकी घटनाओं के मद्देनजर डोडा में मतदान केंद्रों पर सुरक्षा बलों की अतिरिक्त तैनाती के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, “जिन क्षेत्रों में हाल ही में देश विरोधी तत्वों की गतिविधियां बढ़ी हैं, वहां हम अतिरिक्त सुरक्षा उपलब्ध करा रहे हैं और ग्राम रक्षा समितियों को भी एक्टिव किया है. इसलिए कुल मिलाकर ऐसा लगता है कि शांतिपूर्ण चुनाव होंगे.“
जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव तीन चरणों में 18 सितंबर, 25 सितंबर और 1 अक्टूबर को होंगे. नतीजे 4 अक्टूबर को घोषित किए जाएंगे. जम्मू और कश्मीर विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस पार्टी और नेशनल कॉन्फ्रेंस ने चुनाव पूर्व गठबंधन की घोषणा की और बोला कि “वे अधिकतर सीटों पर आम सहमति पर पहुंच गए हैं.” कांग्रेस पार्टी और नेशनल कॉन्फ्रेंस ने एक दूसरे के साथ गठबंधन करके लोकसभा चुनाव लड़ा था. नेशनल कॉन्फ्रेंस ने दो सीटें जीतीं – अनंतनाग और श्रीनगर. कांग्रेस पार्टी कोई सीट नहीं जीत पाई. पहले चरण में 18 सितंबर को 24 विधानसभा सीटों पर मतदान होगा.
पहले चरण में जिन सीटों पर मतदान होगा, वे हैं पंपोर, त्राल, उलवामा, राजपोरा, जैनापोरा, शोपियां, डी एच पोरा, कुलगाम, देवसर, दूरू, कोकेरनाग (एसटी), अनंतनाग पश्चिम, अनंतनाग, श्रीगुफवारा-बिजबेहरा, शांगस -अनंतनाग पूर्व, पहलगाम, इंदरवाल, किश्तवाड़, पैडर-नागसेनी, भद्रवाह, डोडा, डोडा पश्चिम, रामबन और बनिहाल. जम्मू और कश्मीर में कुल 90 विधानसभा सीटों पर मतदान होगा. जम्मू और कश्मीर में पिछला विधानसभा चुनाव 2014 में हुआ था. मतगणना 4 अक्टूबर को होगी.