जिम्बाब्वे की क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और कद्दावर ऑलराउंडर हीथ स्ट्रीक का मृत्यु हो गया है। 49 वर्ष की उम्र में उन्होंने इस दुनिया को अलविदा बोला है। कैंसर की रोग से लंबे समय से जूझ रहे हीथ स्ट्रीक ने 3 सितंबर को आखिरी सांस ली। उनकी पत्नी नडीन स्ट्रीक ने हीथ स्ट्रीक की मृत्यु की जानकारी सोशल मीडिया पर शेयर की है। 23 अगस्त को भी उनके मृत्यु की समाचार सामने आई थी, लेकिन उस समय वह अफवाह साबित हुई थी।
नडीन स्ट्रीक ने फेसबुक पर हीथ स्ट्रीक की कई फोटोज़ पोस्ट की हैं, जिनमें वह परिवार के साथ नजर आ रहे हैं। इसके कैप्शन में उन्होंने लिखा है, “आज सुबह के शुरुआती घंटों में, रविवार 3 सितंबर 2023 को मेरे जीवन का सबसे बड़ा प्यार और मेरे खूबसूरत बच्चों के पिता को ईश्वर उनके घर से परियों के पास ले गए, जहां वह अपने आखिरी दिन परिवार और निकटतम प्रियजनों के साथ बिताना चाहते थे। वह प्रेम और शांति से सराबोर थे और अकेले पार्क से बाहर नहीं जाते थे। हमारी आत्माएं अनंत काल के लिए एक हो गई हैं स्ट्रीकी, जब तक मैं तुम्हें फिर से पकड़ नहीं लेती।”
हीथ स्ट्रीक जिम्बाब्वे के महान क्रिकेटरों की श्रेणी में आते हैं। 2000 से 2004 के बीच टीम के कप्तान रहे स्ट्रीक ने राष्ट्र के लिए कुल 65 टेस्ट और 189 एकदिवसीय अंतर्राष्ट्रीय मैच खेले। वह अपने राष्ट्र के एकमात्र खिलाड़ी हैं, जिन्होंने टेस्ट क्रिकेट में 100 विकेट चटकाए हैं। अपने 12 वर्ष के करियर के दौरान उन्होंने कई बार जिम्बाब्वे की लड़खड़ाती गेंदबाजी इकाई को अकेले ही संभाला है।
दुनिया के दमदार ऑलराउंडर्स में शुमार स्ट्रीक को गेंदबाजी के अतिरिक्त बल्लेबाजी के लिए जाना जाता था। टीम के लिए मध्य क्रम में बल्लेबाजी करने वाले स्ट्रीक ने टीम को कई मैच जिताए। टेस्ट क्रिकेट में उन्होंने अपने करियर में कुल 1990 रन बनाए थे, जबकि वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में उनके बल्ले से 2943 रन निकले थे। उन्होंने अपना पहला और एकमात्र टेस्ट शतक वेस्टइंडीज के विरुद्ध हरारे में बनाया था।